Coaching Incident: दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर में कोचिंग के बेसमेंट में पानी भर जाने से हुई तीन छात्रों की मौत का मामला गरमाया हुआ है। और विरोध प्रदर्शन भी जारी है। अब तक कोचिंग सेंटर के मालिक और कोआर्डिनेटर समेत सात लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। लेकिन अभी भी नए नए खुलासे सामने आ रहे हैं। अब पता चला है कि कोचिंग की ही एक छात्रा ने हादसे से कुछ दिन पहले पीडब्ल्यूडी में जलभराव की शिकायत दर्ज कराई थी। इससे लग रहा है कि हादसे को रोका जा सकता था।
Coaching Incident: पीडब्ल्यूडी में दर्ज कराई गई थी जलभराव की शिकायत
इंफोपोस्ट डेस्क
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!Coaching Incident: RAU’s IAS कोचिंग सेंटर में आईएएस की तैयारी कर रहीं कनिष्का तिवारी ने घटना (24 जुलाई) से तीन दिन पहले इलाके में जलभराव की शिकायत दिल्ली सरकार के पीडब्ल्यूडी में दर्ज कराई थी। उन्हें पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों का फोन भी आया था जिन्होंने कहा था कि शिकायत एमसीडी को भेज दी गई है।
इससे पहले यूपीएससी की तैयारी कर रहे छात्र किशोर सिंह कुशवाहा ने 26 जून को दिल्ली सरकार को RAU’s IAS कोचिंग के बेसमेंट में बिना NOC क्लासरूम संचालित करने की शिकायत दी थी। किशोर ने यह शिकायत पब्लिक ग्रीवेंस पोर्टल के माध्यम से की थी। शिकायत में किशोर ने किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका भी जताई थी।
मध्य प्रदेश भी अलर्ट मोड में, एमपी सीएम का बड़ा आदेश
दिल्ली कोचिंग हादसे के बाद मध्य प्रदेश भी अलर्ट मोड में है। एमपी सीएम मोहन यादव ने एक बड़ा आदेश जारी किया है। उन्होंने कहा है कि कल दिल्ली में ओल्ड राजेंद्र नगर में हुए एक हादसे में तीन युवाओं की असामयिक मृत्यु दु:खद और दर्दनाक है। इस घटना के प्रकाश में मध्य प्रदेश के बेसमेंट में संचालित कोचिंग केंद्रों के सर्वे के निर्देश दिए गए हैं। भोपाल स्थित मंत्रालय में समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ये निर्देश दिए।
प्रमुख सचिव राजस्व निकुंज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि मुख्यमंत्री बेसमेंट में चल रहे कोचिंग संस्थानों के निरीक्षण के निर्देश दिए हैं। जल भराव होने पर जल निकासी की व्यवस्था देखने और सुरक्षित विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। अपर मुख्य सचिव डॉ राजेश राजौरा ने बताया कि 16 नगर निगम कमिश्नर्स को निर्देश जारी कर कहा गया है कि वे अपने कार्य क्षेत्र में बेसमेंट में चल रहे कोचिंग संस्थानों और अन्य धर्मशालाओं और संस्थाओं का निरीक्षण कर प्रतिवेदन सौंपें।
कोचिंग संस्थानों की भरमार, दृष्टि पर कार्रवाई
मध्य प्रदेश के बड़े शहरों में हजारों कोचिंग संस्थान चल रहे हैं। राजधानी भोपाल में भी सैकड़ों कोचिंग हैं। लाखों छात्र पढ़ते हैं। सबसे अधिक कोचिंग सेंटर एमपी नगर में हैं। इसके बाद इंदौर और ग्वालियर में भी बड़ी संख्या में कोचिंग सेंटर हैं। सभी जगहों पर सीएम के निर्देश के बाद कोचिंग सेंटरों का निरीक्षण किया जाएगा। साथ ही कमियां पाई जाएंगी तो कार्रवाई होगी। सीएम के आदेश का असर पूरे मध्य प्रदेश में शायद मंगलवार से दिखने लगे।
दिल्ली के नेहरू विहार के वर्धमान मॉल में चल रहे विकास दिव्यकीर्ति के दृष्टि आईएएस कोचिंग सेंटर को एमसीडी ने सोमवार को सील कर दिया। MCD के बिल्डिंग विभाग ने जिस वर्धमान मॉल में दृष्टि कोचिंग सेंटर चला रहा था, उसकी गतिविधियों को जानने को लेकर दिल्ली डेवलपमेंट अथॉरिटी (डीडीए) को 9 बार चिट्ठी लिखी थी और अंत में एमसीडी को यह कार्रवाई करनी पड़ी।


