जयपुर की सूचना प्रौद्योगिकी कंपनी डेटा इंजेनियस ग्लोबल के वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग ऐप ‘वीडियोमीट’ का उपयोग करके बड़ी संख्या में लोगों को वीडियो कांफ्रेंसिंग से जोड़ा जा सकता है। इससे बड़े जन समूह को संबोधित किया जा सकता है। कंपनी का दावा है कि इसके जरिये एक साथ दो हजार लोग ऑनलाइन बैठक कर सकते हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कंपनी के संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी अजय दत्ता ने कहा कि इस ऐप के जरिये एक सत्र में लोगों के ऑलाइन भाग लेने की कोई सीमा नहीं है, क्योंकि यह उपयोगकर्ता के पास ‘बैंडविड्थ’ और ‘होस्टिंग’ की उपलब्ध सुविधा पर निर्भर करेगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आत्मनिर्भर भारत का आह्वान किया और हमने यह ऐप बनाया। इस ऐप के जरिये राजनीतिक रैली भी की जा सकती है। हालांकि बड़ी क्षमता में लोगों की भागीदारी को लेकर उच्च क्षमता के सर्वर जैसे आईटी संसाधन की जरूरत होगी।
जूम को टक्कर देगा ‘जियोमीट’
फेसबुक और इन्टेल जैसी कंपनियों को अपने डिजिटल कारोबार में हिस्सेदारी बेचकर अरबों डॉलर जुटाने के बाद अब रिलायंस इंडस्ट्रीज ने जूम को टक्कर देने की तैयारी की है। मुकेश अंबानी की कंपनी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग ऐप ‘जियोमीट’ पेश की है जिसमें असीमित मुफ्त कॉलिंग की सुविधा मिलेगी।
बीटा परीक्षण के बाद जियोमीट वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग ऐप एंड्रॉयड, आईओएस, विंडोज, मैकओएस और वेब पर उपलब्ध है। कंपनी की वेबसाइट के अनुसार जियोमीट पर एचडी ऑडियो और वीडियो कॉल की गुणवत्ता मिलेगी। इसमें एकसाथ 100 लोगों को जोड़ा जा सकता है। इसमें स्क्रीन साझा करने, पहले से बैठक का समय तय करने संबंधी तमाम फीचर्स हैं।
खास बात यह है कि इसमें जूम की तरह 40 मिनट की समयसीमा नहीं है। कंपनी ने दावा किया कि इसमें कॉल्स 24 घंटे तक जारी रखी जा सकती है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक ‘कूटलेखन’ और पासवर्ड से संरक्षित रहेगी। कंपनी के सूत्रों ने कहा कि जूम पर 40 मिनट से अधिक की बैठक के लिए मासिक शुल्क 15 डॉलर है।


