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Played Hobie: बंगाल में कहां से आया खेला होबै?

April 13, 2021
Played Hobie

Played Hobie: बंगाल चुनाव में प्रचार इतना आक्रामक हो गया है कि उसके आगे कोरोना महामारी की आक्रामकता लोगों को मास्क विहीन कर दे रही है। जहां जय श्रीराम के नारे लग रहे हैं, उसे भाजपा का गढ़ माना जा रहा है। और इसी प्रकार जहां खेला होबे का नारा लग रहा है, उसे टीएमसी का गढ़ मान लिया गया है। आखिर ये खेला होबे आया कहां से?

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Played Hobie: किसे बंगाल का सीएम बना रहे हैं प्रशांत किशोर?

श्रीकांत सिंह


नई दिल्ली। Played Hobie: सबसे पहले जानते हैं कि ये खेला होबे आया कहां से? देबांग्शु भट्टाचार्य ने एक गीत लिखा है, जिसके कोरस में बार—बार यह पद आता है खेला होबे। यह गीत रवींद्र नाथ टैगोर की उस पंक्ति से प्रेरित है, जिसमें उन्होंने कहा था कि जब खेला होता है तो बड़ी—बड़ी ताकतें घुटने टेक देती हैं।

यह खेला होबे का नारा भारतीय जनता पार्टी की बेपनाह ताकत के संदर्भ में दिया गया है। इस बात से कोई इनकार नहीं कर सकता कि बंगाल में भाजपा के सामने कोई भी पार्टी मुकाबला करने में सक्षम नहीं है। लेकिन यदि टीएमसी भाजपा को हरा देती है तो यह किसी खेल से कम नहीं। हम यहां खेला होबे का गीत दे रहे हैं। बांग्ला में है, लेकिन आप काफी कुछ समझ जाएंगे।

खेला होबै का लिरिक

बैरके थेके बोरगी, न्योम कोरे प्रोटी मसे।

अमियो अची, तूइयो रब, बन्धु इबर खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

तृणमूल एर वांगीये नेटा, न्योको सोहज ने जेटा को वोट दिया

दीदीर चोबे सोबे नौकरी, बन्धु सेडिन खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

खेला होबे … खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

कन्याश्री बोंटा अमर, होखे जोखन इंजीनियर

जुडो से बॉन जेइटी लोब, बंधु एबर खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

बुरी मेयर स्वाथोसाथी, फुलिये बोले बकर चट्टी

आपरेशन फ्रीतेई होबे, खेला खेला खेला होबे

खेला होबे … खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

कोबजी जोडी शक्तिसाली, माथे एके लोरेन वेदली

बंधु बोलो राखो कोबे, खेला खेला खेला होबे

अमर मति सोइबे न, अप बिहर होबे न

बंगला अमर बंगला बागे, विसन रोकोम खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

खेला होबे … खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

हैथरसे बोन के जलाओ, मोदी बोलेन थाला बाजाओ

एइ मितितो बाजना होबे, नून रकोम खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

पियज अलु गेसर दम ई, देश के वंगो रैमर नाम

रामर देवि दुर्गा तोबे, बंधु जोनो खेला होबे

खेला होबे … खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

अथरोता म्प नीये, बंगला के मोर वरेले जीये

वापसी तुमी एशबे के? बन्धु सेडिन खेला होबे

खेला खेला खेला होबे

मुकुल सोवन सब्यसाची, बीजेपी आज एस्टो राची

मुकुल सोवन सब्यसाची, बीजेपी आज एस्टो राची

दिलीप की फेर कदबे तोबे?

खेला होबे … खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

बंधु सेडिन खेला होबे, खेला होबे … खेला होबे

सोबुज अबीर खेला होबे, खेला खेला खेला होबे

बंधु एसो कहला होबे, खेला खेला खेला होबे

माथे अची खेला होबे, खेला खेला खेला होबे

विजन रोकोम खेला होबे, खेला खेला खेला होबे

सोबुज अबीर खेला होबे, खेला खेला खेला होबे

बांग्लादेशी वाई, डीडी बागे, खेला खेला खेला होबे।

प्रशांत किशोर के बयान का खेला

कहा जाता है कि प्रेम और युद्ध में सबकुछ चलता है, लेकिन चुनाव में तो कुछ भी चल जाता है। अश्वत्थामा मरो, नरो वा कुंजरो का इस्तेमाल महाभारत में किया गया था। यानी दुश्मन तक आधी ही बात पहुंचने देने की रणनीति। कुछ ऐसा ही प्रशांत किशोर को लेकर हो रहा है।

पिछले दिनों प्रशांत किशोर ने कहा था कि निसंदेह बंगाल में भाजपा पावरफुल है। लेकिन टीएमसी इतनी ज्यादा पावरफुल है कि चुनाव में जीत उसे ही मिलेगी। भाजपा पावरफुल है, को ही प्रचारित किया जाने लगा। इस पर प्रशांत किशोर ने कहा था कि मेरी पूरी बात को प्रचारित नहीं किया जा रहा है।

टीएमसी को मिलेगी बड़ी जीत !

प्रशांत किशोर ने एक टीवी न्यूज चैनल से कहा है कि भाजपा निसंदेह पावरफुल है। लेकिन तथ्यों को देखने के बाद ऐसा लगता है कि भारतीय जनता पार्टी बंगाल में 100 से अधिक सीटें नहीं जीत पाएगी। इस चुनाव में टीएमसी की जीत होगी और बड़ी जीत होगी।

उनके मुताबिक, शुरू के चार चरणों में जिन क्षेत्रों में चुनाव हुए हैं वहां भाजपा को मजबूत माना जाता है। फिर भी लोग बता रहे हैं कि कांटे का मुकाबला है। बराबरी की स्थिति है। तो जब भाजपा अपने गढ़ में बराबरी के आसपास है तो टीएमसी के गढ़ में उसका क्या हाल होगा, इसका अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है।

निष्कर्ष

Played Hobie: आपने देखा कि तथ्य किसकी जीत की ओर संकेत कर रहे हैं। बंगाल चुनाव कछुआ और खरगोश की रेस जैसा लग रहा है। बाजी किसी के भी पक्ष में पलट सकती है। चुनावों में बार—बार ऐसे उदाहरण सामने आए हैं, जब खरगोश हारा है और कछुए ने जीत दर्ज की है। आप कमेंट करके सीधे—सीधे बता सकते हैं कि बंगाल में क्या होबे? लेकिन चुनाव में जब बाजी पलटती है तो उसी को कहते हैं—खेला होबे।

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