Skip to content
Primary Menu
  • Home
  • ख़ास ख़बर
  • आलेख
    • सत्ता की सियासत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • दिल्ली एनसीआर
  • राज्यों से …
  • कारोबार
  • साहित्य
  • संस्कार
  • तकनीक
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
  • खेल
Logo300

INFOPOST NEWS

The power of information

July 18, 2026

Connect with Us

  • Home
  • ख़ास ख़बर
  • आलेख
    • सत्ता की सियासत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • दिल्ली एनसीआर
  • राज्यों से …
  • कारोबार
  • साहित्य
  • संस्कार
  • तकनीक
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
  • खेल

Categories

  • INFOPOST PDF
  • sports
  • Uncategorized
  • अंतरराष्ट्रीय
  • आलेख
  • कारोबार
  • ख़ास ख़बर
  • तकनीक
  • दिल्ली एनसीआर
  • बोलती तस्वीरें
  • मनोरंजन
  • राज्यों से …
  • राष्ट्रीय
  • शिक्षा
  • सत्ता की सियासत
  • संस्कार
  • साहित्य
  • स्वास्थ्य
An error has occurred, which probably means the feed is down. Try again later.

  • ख़ास ख़बर
  • सत्ता की सियासत

journalism: हमेशा चलती है कलम: संदीप मारवाह

February 12, 2022
journalism

journalism: आने वाला समय जर्नलिज्म की दुनिया का ही है। सोशल मीडिया ने एक अलग ही मुकाम बना लिया है। छोटी से छोटी खबर एक मिनट में मिल जाती है। लेकिन खबर सच्ची है या झूठी, इसके लिए हमें दूसरे समाचार स्रोतों की भी जरूरत होती है।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

श्रीकांत सिंह

journalism: 10वें ग्लोबल फेस्टिवल ऑफ़ जर्नलिज्म की शुरुआत
डॉ. संदीप मारवाह ने कहा है कि आज की मीडिया अपनी कलम और कैमरे से विश्व में ऐसी सशक्त भूमिका निभा रही है। जिसको देखकर लगता है कि आने वाला समय जर्नलिज्म की दुनिया का ही है। समय के साथ साथ मीडिया की भूमिका भी बदलती जा रही है। उन्होंने कहा, खासतौर से सोशल मीडिया ने एक अलग ही मुकाम बना लिया है। जिसमें छोटी से छोटी खबर आपको एक मिनट में मिल जाती है। हालांकि ये बात और है कि वह खबर कितनी सच्ची है या झूठी, इसके लिए हमें दूसरे दिन के अख़बार का इंतज़ार करना पड़ता है। पत्रकारिता का अर्थ है, सच्चाई को सामने लाना। चाहे वो किसी भी राजनीतिक पार्टी से जुड़ी हो, पत्रकारिता कभी खामोश नहीं रह सकती। कलम हमेशा चलती रहती है।

वह 10वें ग्लोबल फेस्टिवल ऑफ़ जर्नलिज्म के उद्घाटन के अवसर पर संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर गवर्नर लेफ्टिनेंट जनरल के.एम. सेठ, हयेत तलबी टुनिशिया की एम्बेसडर, डॉ शमा हुसैन फाउंडर इंटरनेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ इंफ्लुएंसर्स ओमान, डॉ जेनिस दरबारी कौंसल जनरल ऑफ़ रिपब्लिक ऑफ़ मोंटेरनगरो, मोहित सोनी सीईओ मीडिया एंड एंटरटेनमेंट स्किल कॉउन्सिल, वी.एम. बंसल चेयरमैन नई दिल्ली इंस्टिट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट, रूद्र दासगुप्ता बिज़नेस ट्रांसफॉर्मेशन कैटेलिस्ट व अशोक त्यागी फिल्म डायरेक्टर मौजूद रहे।

journalism: जर्नलिस्ट का कोई धर्म नहीं होता
के.एम. सेठ ने कहा कि जर्नलिस्ट का कोई धर्म नहीं होता। वो बस अपनी कलम का सिपाही होता है। वह आईना होता है समाज का, जो सच्चाई को अपनी दूरदर्शिता से पहचान जाता है। डॉ शमा हुसैन ने कहा कि ब्रेकिंग न्यूज़ या सबसे पहले न्यूज़ दिखाने के चक्कर में बहुत बार चैनल सच्चाई को जानने की कोशिश नहीं करते। डॉ जेनिस दरबारी ने कहा कि इस कलम की सच्चाई में इतनी ताकत होती है कि इंसान को अर्श से फर्श पर ला सकती है। मोहित सोनी ने कहा कि अदालत के बाद पत्रकारिता पर ही भरोसा है कि वो न्याय करेगी। अशोक त्यागी ने कहा कि इस तरह के फेस्टिवल होने से एक नयी ऊर्जा का संचार होता है।

About Author

See author's posts

Post navigation

Previous: UP Phase 1 Election 2022: व्यवस्था लाचार, ईवीएम खराब
Next: Media: मीडिया लेखन ही नहीं, अभिव्यक्ति भी

Related Stories

On Akhilesh Yadav's birthday
  • ख़ास ख़बर
  • दिल्ली एनसीआर

On Akhilesh Yadav’s birthday: सात दिवसीय वृक्षारोपण अभियान

infopost July 12, 2026 0
Shaping the future
  • ख़ास ख़बर
  • शिक्षा

Shaping the future: इंग्लैंड से लौटकर किताबों की दुनिया बसाने वाले इंजीनियर

infopost July 7, 2026 0
Trust Treasurer Letter Controversy
  • ख़ास ख़बर
  • राष्ट्रीय

Trust Treasurer Letter Controversy: जवाबदेही का संकट और पारदर्शिता बहस

infopost July 7, 2026 0

Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.