Skip to content
Primary Menu
  • Home
  • ताजा तरीन
  • आलेख
    • सत्ता की सियासत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • दिल्ली एनसीआर
  • राज्यों से …
  • कारोबार
  • साहित्य
  • संस्कार
  • तकनीक
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
  • खेल
Logo300

INFOPOST NEWS

The power of information

October 17, 2026

Connect with Us

  • Home
  • ताजा तरीन
  • आलेख
    • सत्ता की सियासत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • दिल्ली एनसीआर
  • राज्यों से …
  • कारोबार
  • साहित्य
  • संस्कार
  • तकनीक
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
  • खेल

Categories

  • INFOPOST PDF
  • अंतरराष्ट्रीय
  • आलेख
  • कारोबार
  • ख़ास ख़बर
  • खेल पोस्ट
  • तकनीक
  • ताजा तरीन
  • दिल्ली एनसीआर
  • बोलती तस्वीरें
  • मनोरंजन
  • राज्यों से …
  • राष्ट्रीय
  • शिक्षा
  • सत्ता की सियासत
  • संस्कार
  • साहित्य
  • स्वास्थ्य
An error has occurred, which probably means the feed is down. Try again later.

  • ताजा तरीन
  • संस्कार

द्वैत वैदांत: भेद के बिना वस्तु की स्थिति असंभव

October 15, 2020
image

सत्य ऋषि


मध्व (1197 ई.) ने द्वैत वेदान्त का प्रचार किया। इसमें पांच भेदों को आधार माना जाता है- जीव ईश्वर, जीव जीव, जीव जगत, ईश्वर जगत्‌, जगत जगत‌। इनमें भेद स्वत: सिद्ध है। भेद के बिना वस्तु की स्थिति असंभव है। जगत और जीव ईश्वर से पृथक्‌ हैं। लेकिन ईश्वर द्वारा नियंत्रित हैं। सगुण ईश्वर जगत का स्रष्टा, पालक और संहारक है।

भक्ति से प्रसन्न होने वाले ईश्वर के इशारे पर ही सृष्टि का खेल चलता है। यद्यपि जीव स्वभावत: ज्ञानमय और आनंदमय है। परंतु शरीर, मन आदि के संसर्ग से इसे दु:ख भोगना पड़ता है। यह संसर्ग कर्मों के परिणामस्वरूप होता है।

जीव ईश्वरनियंत्रित होने पर भी कर्ता और फलभोक्ता है। ईश्वर में नित्य प्रेम ही भक्ति है। जिससे जीव मुक्त होकर, ईश्वर के समीप स्थित होकर, आनंदभोग करता है। भौतिक जगत ईश्वर के अधीन है और ईश्वर की इच्छा से ही सृष्टि और प्रलय में यह क्रमश: स्थूल और सूक्ष्म अवस्था में स्थित होता है। रामानुज की तरह मध्व जीव और जगत्‌ को ब्रह्म का शरीर नहीं मानते।

ये स्वत: स्थित तत्व हैं। उनमें परस्पर भेद वास्तविक है। ईश्वर केवल इनका नियंत्रण करता है। इस दर्शन में ब्रह्म जगत्‌ का निमित्त कारण है। प्रकृति (भौतिक तत्व) उपादान कारण है।

About Author

See author's posts

Post navigation

Previous: Grand Master Dr. Jasbir Singh: मार्शल आर्ट का कोई शॉर्टकट नहीं
Next: Global Hand Washing Day: बीमारियों से बचना है तो हाथों को रखें स्वच्छ

Related Stories

Women Safety
  • दिल्ली एनसीआर
  • शिक्षा
  • संस्कार

Women Safety: भारत में महिला सुरक्षा का भ्रम

Sajid1 M Sajid October 11, 2026 0
Delhi Protest 2026
  • ताजा तरीन
  • दिल्ली एनसीआर
  • राष्ट्रीय

Subject: Delhi Protest 2026: प्रदर्शन से पहले हिरासत और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल

infopost October 10, 2026 0
Supreme Court Metro Services
  • ताजा तरीन
  • दिल्ली एनसीआर
  • राष्ट्रीय

Subject: Supreme Court Metro Services: सुप्रीम कोर्ट का नियंत्रित संचालन पर जोर

infopost October 10, 2026 0

Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.